जन कल्याण का माध्यम बनें विज्ञानः प्रो. उभान

जन कल्याण का माध्यम बनें विज्ञानः प्रो. उभान
Spread the love

तीर्थ चेतना न्यूज

नरेंद्रनगर। विज्ञान को जन कल्याण का माध्यम बनाया जाना चाहिए। ताकि इसके अनुप्रयोग मनुष्य ही नहीं प्रकृति की आदर्श व्यवस्था के संरक्षण में मदद मिल सकें।

ये कहना है गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज के प्रिंसिपल प्रो. राजेश कुमार उभान का। प्रो. उभान कॉलेज में राष्ट्रीय विज्ञान दिवस पर गणित, प्राणी विज्ञान , वनस्पति विज्ञान , एवं रसायन विज्ञान की विभागीय परिषद तथा आंतरिक मूल्यांकन एवं गुणवत्ता प्रकोष्ठ के अंतर्गत विभिन्न प्रतियोगिताओं के मौके पर में बोल रहे थे।

उन्होंने कहा किसमय के साथ ज्ञान के तकनीकी स्वरूप की उपयोगिता ना होने पर भी ज्ञान का अपना महत्व बना रहता है तथा वैज्ञानिक दृष्टिकोण पैदा करने की दिशा में एक सतत मार्गदर्शन का कार्य रहता है ।

उन्होंने कहा कि इस वर्ष विज्ञान दिवस की थीम वैश्विक भलाई के लिए वैश्विक विज्ञान को निर्धारित किया गया है, जिसमें वैज्ञानिक ढंग से ज्ञान और तकनीकी के मेल से धरती पर कल्याण के कार्यक्रमों को किए जाने पर फोकस किया गया है।

संयुक्त रूप से आयोजित इस कार्यक्रम में विभागीय परिषदो द्वारा प्रश्नोत्तरी , निबंध , पोस्टर एवं प्रतिभा प्रदर्शन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया । इस अवसर पर विभिन्न विभागीय परिषदों की कार्यकारिणी का भी गठन किया गया । आयोजक मंडल में डॉ यूसी मैठानी,वनस्पति विज्ञान डॉ शैलजा रावत, प्राणी विज्ञान,डॉ चंदा नौटियाल,गणित, डॉ चेतन भट्ट रसायन विज्ञान प्रमुख तौर पर शामिल रहे ।

निर्णायक मंडल में डॉ विजय प्रकाश भट्ट, डॉ जितेंद्र नौटियाल, डॉ राजपाल सिंह रावत एवं डॉ विक्रम सिंह बर्तवाल ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रतियोगिताओं में स्थान प्राप्त छात्र छात्राओं को प्राचार्य के कर कमलों से पुरस्कार एवं प्रमाण पत्र दिए गए।

Tirth Chetna

Related articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *