ट्रस्टी हरिकृष्ण दास का आरोप कुछ लोग बेवजह कर रहे विवाद
तीर्थ चेतना न्यूज
मुनिकीरेती। मधुवन आश्रम को लेकर एक बार फिर से अंदर से ही सवाल उठने लगे हैं। ट्रस्टी हरिकृष्ण दास और मंदिर की व्यवस्थाओं से जुड़े अन्य पदाधिकारियों ने आरोप लगाए कि कुछ लोग व्यवस्था में गैरकानूनी तरीके से काबिज होने का प्रयास कर रहे हैं।
मंगलवार को इस्कॉन संबंधित मधुवन आश्रम को लेकर ट्रस्टी हरिकृष्ण दास, मंधुवन टेंपल के अध्यक्ष, राधेश लाल, व्यवस्था प्रबंधक से जुड़े हितेश शर्मा, एडवोकेट तुषार भटनागर और कृष्ण चंद अदल ने मीडिया से बातचीत की।
बातचीत में पदाधिकारियों ने मुनिकीरेती में मधुवान आश्रम की स्थापन और इसके संचालन से जुड़े तथ्य मीडिया के सम्मुख रखे। बताया किया कि मौजूदा समय में मधुवन आश्रम की तमाम व्यवस्थाएं इस्कॉन की गाइड लाइन के मुताबिक नहीं चल रही हैं। जन सामान्य में भी आश्रम को लेकर धराणा तेजी से बदल रही है। धर्मावलंबी इससे चिंतित हैं।
पदाधिकारियों ने कहा कि ट्रस्ट द्वारा नियुक्त स्वामी द्वारा सेवा में रखे गए कुछ लोग आश्रम की व्यवस्थाओं को अपने हाथों में लेने का प्रयास कर रहे हैं। इसको लेकर कई बार आपत्ति भी व्यक्त की जा चुकी है। किसी प्रकार का विवाद न हो इसके लिए ट्रस्टी कानून के तहत आगे बढ़ रहे हैं।
इससे जुड़े विवादों के कानूनी स्टेटस के बारे में पुलिस और प्रशासन को भी अवगत कराया जा चुका है। कहा कि मुबंई में पंजिकृत ट्रस्ट के अधीन मधुवन आश्रम आता है। ये आश्रम देश भर में इस्कॉन के तहत आने वाले 200 आश्रमों में से एक है। कहा कि आश्रम को लेकर धर्मानुरागियों के बीच अच्छा संदेश जाए इसके लिए ट्रस्ट से जुडे पदाधिकारी और इस्कॉन के साधक लगातार प्रयास कर रहे हैं। आम लोगों से अपील की कि इस प्रकरण में सच का साथ दें।